
बैम्बू पोस्ट 12 जनवरी 2026 बिलासपुर।
अरपा नदी छठ घाट के समीप गोचर भूमि में चल रहे अति-महत्वाकांक्षी सरकारी कार्य के दौरान आज सुबह एक हाईवा वाहन ने अचानक लोकतांत्रिक तरीके से करवट ले ली। बताया जा रहा है कि मिट्टी ढोते-ढोते हाईवा को लगा कि अब बहुत हो गया, और उसने ज़मीन से आत्मीय रिश्ता बना लिया।
सूत्रों के अनुसार यह पलटना कोई दुर्घटना नहीं, बल्कि “सरकारी काम की गुणवत्ता जांच” का हिस्सा था, जिसमें देखा जाता है कि वाहन, सड़क और सिस्टम—तीनों में से कौन पहले जवाब देता है। इस परीक्षा में सड़क और सिस्टम पास हो गए, हाईवा फेल हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि मिट्टी का ढेर इतना उत्साही था कि हाईवा उसका भार संभाल नहीं पाया। वहीं विभागीय मौन इस बात की पुष्टि करता है कि सब कुछ नियमानुसार हुआ है—बस हाईवा ने नियमों को समझने में थोड़ी जल्दबाज़ी कर दी।
सबसे राहत की खबर यह है कि ड्राइवर पूरी तरह सुरक्षित है, क्योंकि
सरकारी काम में इंसान से ज़्यादा मशीनें जोखिम में रहती हैं।
घटना के बाद मौके पर मौजूद अधिकारी यह तय करने में व्यस्त दिखे कि
हाईवा पलटा है या
ज़मीन ऊपर उठ आई है,
या फिर यह सब “पूर्व नियोजित विकास” का हिस्सा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर यही रफ्तार रही, तो जल्द ही गोचर भूमि में मिट्टी के साथ-साथ जवाबदेही भी दबती नज़र आएगी।
फिलहाल हाईवा सीधा करने की तैयारी चल रही है,
और सिस्टम पहले की तरह… पूरी तरह संतुलन में है।
